निर्देशक नितेश तिवारी की बहुचर्चित फ़िल्म रामायण में अब सीता स्वयंवर का भव्य अध्याय आकार लेने लगा है। मुंबई के गोरेगांव स्थित फ़िल्म सिटी में इन दिनों फ़िल्म के सबसे अहम और भव्य दृश्यों में से एक सीता स्वयंवर की शूटिंग चल रही है।
इस शेड्यूल में रावण के मिथिला पहुंचने और शिव धनुष उठाने के प्रयास वाले दृश्य फिल्माए जा रहे हैं, जिनमें यश अपने रावण अवतार में नजर आ रहे हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक़, फ़िल्म के लिए मिथिला का विशाल और बेहद भव्य सेट तैयार किया गया है। राजमहलों के आंगन, ऊंची शाही बालकनियां, फूलों से सजी भूमि और पारंपरिक सजावट के जरिए उस युग के वैभव को दोबारा रचने की कोशिश की गई है। सेट पर सैकड़ों जूनियर कलाकार भी मौजूद हैं ताकि स्वयंवर सभा का दृश्य विशाल और जीवंत दिखाई दे।
सूत्रों के मुताबिक़, यह वही महत्वपूर्ण प्रसंग है जिसमें रावण सीता का वरण करने की इच्छा से स्वयंवर सभा में पहुंचता है और भगवान शिव के धनुष को उठाने का प्रयास करता है। बताया जा रहा है कि निर्देशक इस दृश्य को केवल एक शक्ति प्रदर्शन की तरह नहीं, बल्कि रावण के व्यक्तित्व की पहली विराट सिनेमाई प्रस्तुति के रूप में फिल्मा रहे हैं।
जैसे ही रावण सभा में प्रवेश करता है, पूरे वातावरण का स्वर बदल जाता है और कैमरा उसी भय, आकर्षण और सत्ता की आभा को पकड़ने की कोशिश करता है।
इस दृश्य की तैयारी में प्रोडक्शन टीम ने काफी समय लगाया है। रावण की एंट्री, सभा में मौजूद राजाओं की प्रतिक्रिया और शिव धनुष के सामने पैदा होने वाला तनाव, इन सबको बड़े पैमाने पर फ़िल्माया जा रहा है ताकि दर्शकों को महाकाव्य जैसा अनुभव मिल सके।
फ़िल्म में सीता की भूमिका निभा रहीं साई पल्लवी भी जल्द इस शेड्यूल से जुड़ सकती हैं। हालांकि, फ़िल्म के निर्माता अभी कहानी से जुड़े अधिक खुलासे करने से बच रहे हैं, लेकिन सीता स्वयंवर की शूटिंग की खबर ने दर्शकों के बीच फ़िल्म को लेकर उत्सुकता और बढ़ा दी है।
करीब 1600 करोड़ रुपये के बजट में बन रहे फ़िल्म ‘रामायण’ के पहले भाग को भारतीय सिनेमा की सबसे बड़ी पैन-इंडियन फ़िल्मों में गिना जा रहा है। भव्यता, तकनीक और भारतीय महाकाव्य की लोकप्रियता के चलते यह फ़िल्म रिलीज़ से पहले ही लगातार चर्चा में बनी हुई है।
