महाराष्ट्र के कद्दावर कांग्रेस नेता रहे विलासराव देशमुख के बेटे रितेश देशमुख ने फ़िल्म ‘राजा शिवाजी’ से एक नई राह पकड़ी है। ये सिर्फ एक नई फ़िल्म नहीं, बल्कि रितेश के करियर की नई शुरुआत की तरह देखी जा रही है।
पिछले कुछ वर्षों में रितेश कभी कॉमेडी, कभी सहायक भूमिकाओं और कभी सीमित प्रभाव वाली फिल्मों में दिखाई दिए, जिससे हिंदी सिनेमा में उनकी स्थिति कुछ डांवाडोल सी लगने लगी थी। राजनीतिक परिवार से आने वाले रितेश के पास सार्वजनिक पहचान हमेशा रही, लेकिन बड़े नायक के रूप में स्थायी मुकाम उन्हें नहीं मिला।
ऐसे समय में फ़िल्म ‘राजा शिवाजी’ में निर्देशन, निर्माण और अभिनय, तीनों मोर्चों पर उतरकर उन्होंने अपने लिए एक नया रास्ता चुना है। उन्होंने शीर्षक भूमिका को भी गंभीरता और ईमानदारी से निभाया है।
असल जीत यह है कि रितेश देशमुख ने ‘राजा शिवाजी’ जैसी महत्वाकांक्षी फ़िल्म की परिकल्पना की, उसे जमीन पर उतारा, और हिंदी सिनेमा के चर्चित चेहरों, जैसे संजय दत्त, अभिषेक बच्चन, सलमान खान जैसे सितारों को इससे जोड़ा।
फ़िल्म ‘राजा शिवाजी’ को मराठी और हिंदी दोनों भाषाओं में एक साथ प्रस्तुत करना अपने आप में बड़ी रणनीतिक सफलता मानी जा सकती है। रिलीज़ से पहले फ़िल्म ने अच्छी चर्चा बटोरी, और इसका विषय ऐसे समय आया है जब इतिहास, स्वाभिमान और सांस्कृतिक विरासत जैसे मुद्दे राष्ट्रीय विमर्श के केंद्र में हैं।
यही कारण है कि फ़िल्म ने दर्शकों में उत्सुकता पैदा की। फ़िल्म का संदेश स्वराज, साहस, नेतृत्व और आत्मसम्मान पर केंद्रित है। प्रस्तुति भव्य है, विशाल किले, युद्धभूमि, दरबार, परिधान और विशाल सेट इसे बड़े परदे का अनुभव बनाते हैं। दृश्य वैभव से भरपूर इस फ़िल्म पर खर्च किया गया बजट परदे पर दिखाई देता है।
फ़िल्म ‘राजा शिवाजी’ अपने तीन घंटे से अधिक के विस्तार में दर्शकों को जोड़े रखने का प्रयास करती है। यह एक ऐसी फ़िल्म है जिसमें मेहनत, शोध और निर्माण-स्तर की गंभीरता साफ महसूस होती है।
तकनीकी पक्षों में भी फ़िल्म ‘राजा शिवाजी’ मजबूत नजर आती है। सिनेमैटोग्राफी में दक्कन के भूगोल, युद्ध दृश्यों और प्राकृतिक विस्तार को प्रभावशाली ढंग से कैद किया गया है। संगीत में पारंपरिक और वीर रस का संयोजन है, जो कथा को ऊर्जा देता है, हां, बैकग्राउंड स्कोर को भावुक दृश्यों में और मांजा जा सकता है।
‘राजा शिवाजी’ में एक्शन दृश्यों, विशेषकर युद्ध प्रसंगों को बड़े पैमाने पर रचा गया है और कई स्थानों पर उनका असर बनता है। समग्र रूप से फ़िल्म तकनीकी महत्वाकांक्षा का परिचय देती है।
‘राजा शिवाजी’ इतिहास-प्रेमी दर्शकों के लिए एक भव्य सिनेमाई अनुभव है, जो भारतीय अतीत के एक महान अध्याय को बड़े परदे पर जीवंत करने की कोशिश करता है। बच्चों और नई पीढ़ी के लिए भी यह अवश्य देखने योग्य फ़िल्म कही जा सकती है, क्योंकि मनोरंजन के साथ यह उन्हें साहस, नेतृत्व और राष्ट्र निर्माण की प्रेरक कथा से परिचित कराती है।
Movie Review : राजा शिवाजी
कलाकार: रितेश देशमुख, संजय दत्त, अभिषेक बच्चन, सलमान खान (विशेष भूमिका), भाग्यश्री, महेश मांजरेकर
निर्देशक: रितेश देशमुख
लेखक: प्रदीप रांगणकर, ऋषि विरमानी
निर्माता: रितेश देशमुख, जेनेलिया देशमुख, मुंबई फिल्म कंपनी
स्टूडियो: मुंबई फिल्म कंपनी / एए फिल्म्स (वितरण)
रिलीज़ डेट: 1 मई 2026
रेटिंग: ★★★★☆





