Jacqueline Fernandez; बॉलीवुड अभिनेत्री जैकलीन फर्नांडीस ने कथित 200 करोड़ रुपये के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में एक बेहद महत्वपूर्ण कानूनी कदम उठाते हुए अदालत से सरकारी गवाह बनने की अनुमति मांगी है। दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट के एडिशनल सेशंस जज प्रशांत शर्मा ने शुक्रवार को इस याचिका पर सुनवाई करते हुए प्रवर्तन निदेशालय को नोटिस जारी किया है। अदालत ने इस मामले की अगली सुनवाई के लिए 20 अप्रैल की तारीख तय की है। अब ईडी को अभिनेत्री की इस अर्जी पर अपना रुख स्पष्ट करना होगा।
जैकलीन को मिले थे महंगे तोहफे
यह पूरा मामला कथित ठग सुकेश चंद्रशेखर द्वारा की गई 200 करोड़ रुपये की ठगी से जुड़ा है। ईडी का आरोप है कि जैकलीन फर्नांडिस ने सुकेश से करोड़ों रुपये के महंगे उपहार प्राप्त किए थे। ये अपराध की कमाई से खरीदे गए थे। शुरुआत में दिसंबर 2021 में दाखिल पहली शिकायत में जैकलीन (Jacqueline Fernandez) का नाम नहीं था, लेकिन अगस्त 2022 में दाखिल दूसरी पूरक शिकायत में ईडी ने उन्हें भी एक आरोपी के रूप में नामजद किया। हालांकि, जैकलीन ने हमेशा इन आरोपों का खंडन किया है और कहा है कि उन्होंने जांच में पूरा सहयोग करते हुए पांच बार ईडी के सामने अपने बयान दर्ज कराए हैं।
जैकलीन की दलील
अदालत के सामने अपनी याचिका में जैकलीन फर्नांडिस ने तर्क दिया है कि वे सुकेश चंद्रशेखर की साजिशों और धोखाधड़ी की शिकार रही हैं। अभिनेत्री के अनुसार सुकेश ने उनके साथ भी वही हथकंडा अपनाया जो उसने शिकायतकर्ता अदिति सिंह के साथ अपनाया था। सुकेश ने खुद को प्रधानमंत्री कार्यालय और गृह मंत्रालय का बड़ा अधिकारी बताकर जैकलीन के मेकअप आर्टिस्ट शान से संपर्क किया था। जैकलीन का कहना है कि उन्हें सुकेश की अवैध गतिविधियों की कोई जानकारी नहीं थी। उन्होंने जानबूझकर कोई उपहार स्वीकार नहीं किया। वे खुद को इस मामले में मुख्य आरोपी के बजाय एक गवाह के रूप में देखती हैं।
20 अप्रैल को होनी है सुनवाई
जैकलीन के लिए यह याचिका उनके कानूनी बचाव की दिशा में एक अहम मोड़ साबित हो सकती है। पिछले साल जुलाई में दिल्ली हाई कोर्ट ने मामले को रद्द करने की उनकी याचिका को खारिज कर दिया था। इसके बाद अब उन्होंने सरकारी गवाह बनने की राह चुनी है। अगर कोर्ट उन्हें सरकारी गवाह बनने की अनुमति दे देता है तो उन्हें इस मामले में माफी मिल सकती है। बशर्ते वे सुकेश के खिलाफ सभी तथ्यों का पूरी ईमानदारी से खुलासा करें। अब 20 अप्रैल को होने वाली सुनवाई यह तय करेगी कि क्या जैकलीन इस मामले में आरोपी से गवाह बन पाएंगी या उनकी मुश्किलें और बढ़ेंगी।





